मुनिश्री प्रशांत कुमार जी, मुनिश्री कुमुद कुमार जी के सान्निध्य में 77वां अणुव्रत स्थापना दिवस का आयोजन मनाया गया। मुनिश्री प्रशांत कुमार जी ने कहा कि परम पूज्य कालूगणी के जन्म दिवस पर आचार्यश्री तुलसी ने अणुव्रत की स्थापना की। कालूगणी पुण्य प्रतापी आचार्य रहे। उनके जीवन काल में अनेकों विरोध हुए, लेकिन विरोध अपने आप समाप्त हो जाते। आचार्यश्री तुलसी के इस अवदान से सभी जाति, धर्म के लोग जुड़े। सुंदर आचार संहिता है यह अणुव्रत। उनका चिंतन था कि आदमी अच्छा इंसान बने इसलिए उन्होंने नारा दिया-‘इंसान पहले इंसान फिर हिंदू या मुसलमान’। यह एक असांप्रदायिक कार्यक्रम है। इससे सैकड़ों-सैकड़ो प्रबुद्ध व्यक्तियों ने जुड़कर अपने आपको सम्यक् बनाया। अपने आपको गौरवांवित किया। अणुव्रत आंदोलन के माध्यम से जनोपयोगी व्यापक कार्य हुए। अणुव्रत आंदोलन के माध्यम से ही समाज में क्रांति आ सकती है। जैसा की परम पूज्य गुरुदेव ने फरमाया कि तेजपुर की अपनी एक अभिव्यक्ति है। इस तेजपुर की एक अपनी शक्ति भी है और भक्ति भी है। जो अपने आप में विशिष्ट है। तेजपुर अनेक दृष्टि से विशेष क्षेत्र है। धार्मिक दृष्टि से जागरूक है। तेरापंथ सभा, तेरापंथ युवक परिषद, महिला मण्डल, अणुव्रत समिति सभी अपने आप में जागरूक है। सभा के नेतृत्व में सभी श्रावक समाज आत्म विकास करते हुए संघ विकास में योगदान देते रहे। स्थानीय प्रवास एवं रास्ते की सेवा में सभा के साथ सभी ने बड़ी कुशलता के साथ अपने दायित्व को निभाया सभी के प्रति मंगलकामना।
मुनिश्री कुमुद कुमारजी ने कहा कि गुरुदेव श्री तुलसी ने भगवान महावीर के अवदान अणुव्रत को नये ढंग से प्रस्तुत कर इसे जन-जन तक पहुंचाया। जाति, वर्ग, संप्रदाय से मुक्त इस जनोपयोगी, कल्याणकारी नियमों को सात समुद्र पार पहुंचाया। सभी को जीवन में व्रतों को धारण कर व्रती बनना है। भगवान महावीर की वाणी को जीवन में आत्मसात करना है। स्वयं जागरूक रहकर ओरों को अणुव्रत के संकल्पों से अवगत कराना है। व्यसन मुक्त बनकर दूसरों को व्यसन से मुक्त करना है। तेजपुर के श्रावक समाज ने जागरूकता के साथ दायित्व को निभाया। संतों की भक्ति का लाभ लिया। क्षेत्र में धार्मिकता की भावना में जो जागरूकता है वह बढ़ती रहे। युवाओं में जागृति आई है। सबके प्रति मंगल कामना साधुवाद।
अणुव्रत समिति के द्वारा ध्वजारोहण किया गया। अणुव्रत समिति के सदस्यों के मंगलाचरण से कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ। अणुव्रत समिति अध्यक्ष देवा श्री बैद, श्रीमती मीना धारीवाल, सभा अध्यक्ष सुरेश धारीवाल, तेरापंथ युवक परिषद अध्यक्ष ऋषभ सिपानी, तेरापंथ महिला मंडल अध्यक्ष उपासिका श्रीमती किरण बरमेचा, गुवाहाटी से दिलीप दुगड़, उगमराज बैद, वंदन बरमेचा, सुमित दुगड़, गौतम धारीवाल, तेरापंथ युवक परिषद मंत्री अनुराग बरमेचा, श्रीमती सुशीला दुगड़, महिला मण्डल, ने गीत एवं वक्तव्य के द्वारा विचारों की अभिव्यक्ति दी। आभार ज्ञापन अणुव्रत समिति से मंत्री श्रीमती रेखा बरमेचा एवं सभा से मंत्री अशोक बोथरा ने किया। कार्यक्रम का कुशल संचालन पंकज धारीवाल ने किया।
